समाजवादी संवाद समानता, अधिकार व लोकतंत्र की बात
2017 में जब भारतीय जनता पार्टी ने UP चुनाव के चुनावी मैदान में भाग धलया तो उन्ोंने एक संकल्प पत्र जनता के सामने प्रस्तुत धकया धजसमें उन्ोंने उल्लेख धकया धक हम घोषणा नही ं संकल्प लेते हैं संकल्प वह शब्द होता है जोधक आपके जीवन का सबसे महत्वपूणण कथन होता है धजसे पूणण करना आप अपने धजंदगी में सबसे पहली धजम्मेदारी होती है धजसमें उन्ोंने मुख्यतः तीन बातों पर जनता से संकल्प धलया है 1. महंगाई 2. बेरोजगारी 3. धवकेंद्रीकरण तो पहले हम बात करते हैं उनके द्वारा धलए गए उन संकल्पों की धजनको उन्ोंने कभी पूणण करना ही नही ं चाहा बल्कि हमेशा वह धसर्ण उद्योगपधतयों के धलए काम करते रहे हैं और उन्ोंने धसद्ध धकया है धक
“झठ ू ा संकल्प भ्रष्ट धवचार, गुमराह करती है भाजपा सरकार लोगों को िोखा लोकतंत्र से ल्कखलवाड़, उद्योगपधतयों के इशारों से चलती भाजपा सरकार” भाजपा के धलए गए संकल्प : 1. सभी धकसानों के ऋण मार् धकए जाएं गे और ब्याज मुक्त ऋण धदए जाएं गे 2. 2022 तक उत्तर प्रदे श के धकसानों की आमदनी को दोगुना कर धदया जाएगा 3. सस्ती दर पर धबजली को धदया जाएगा 4. पुधलस में डे ढ़ लाख ररक्त पदों को धसर्ण मेररर्ट के आिार पर भरा जाएगा 5. सभी ररक्त आरधित पदों को 1 साल के भीतर भरा जाएगा 6. जाधत और िमण के पिपात के धबना संवैिाधनक धनयमों के तहत शासन चलाया जाएगा 7. सरकार बनने के 90 धदनों के भीतर प्रदे श के सभी ररक्त सरकारी पदों में पारदशी तरीके से भती की प्रधिया प्रारं भ की जाएगी 8. उत्तर प्रदे श में स्थाधपत हर उद्योग में 90% नौकररयों को प्रदे श के युवाओं के धलए आरधित धकया जाएगा