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PRAKASH KA PARAVARTAN: DRUSTHIBADHIT VIDNYAN VIDYARTHIYO KA ANUBHAV

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Scholarly Research Journal for Humanity Science & English Language, Online ISSN 2348-3083, SJ IMPACT FACTOR 2021: 7.278, www.srjis.com PEER REVIEWED & REFEREED JOURNAL, JUNE-JULY, 2022, VOL-10/52

प्रकाश का परावर्तन : दृष्टिबाधिर् ष्टवज्ञान ष्टवद्याधथतयों के अनुभव सौरभ कुमार1 & डॉ. सुहाधसनी बाजपेयी2 1पी-एच.डी.

(धशक्षाशास्त्र), धशक्षा ष्टवद्यापीठ, महात्मा गा​ाँिी अंर्रराष्ट्रीय हहं दी ष्टवश्वष्टवद्यालय, गा​ाँिी हहल्स,

विात, महाराष्ट्र- 442001, Saurabhkaran786@gmail.com 2सहायक

प्राध्यापक, धशक्षा ष्टवद्यापीठ, महात्मा गा​ाँिी अंर्रराष्ट्रीय हहं दी ष्टवश्वष्टवद्यालय, गा​ाँिी हहल्स,

विात, महाराष्ट्र- 442001 Paper Received On: 25 JULY 2022 Peer Reviewed On: 31 JULY 2022 Published On: 1 AUGUST 2022 Abstract

इस शोि पत्र में माध्यधमक स्र्र के दृष्टिबाधिर् ष्टवद्याधथतयों के धलए प्रकाश की अविारणा को अनुकूधलर् मॉडल के माध्यम से प्रस्र्ुर् हकया गया है । इस शोि का मुख्य उद्दे श्य दृष्टिबाधिर् ष्टवद्याधथतयों को

अनुकूधलर् मॉडल से गधर्ष्टवधि के द्वारा प्रकाश के परावर्तन के धनयम का अधिगम कराकर उनके अनुभव जानना था । प्रस्र्ुर् शोि में असंभाव्यर्ा प्रधर्दशतन की उद्दे श्यपूणत प्रधर्दशतन र्कनीक के माध्यम से

दृष्टिबाधिर्ाथत आदशत ष्टवद्यालय( राष्ट्रीय दृष्टि हदव्यांगजन सशष्टिकरण संस्थान, दे हरादन ू ) में सत्र 202122 के कक्षा 10 के ष्टवज्ञान वगत के 05 ष्टवद्याधथतयों का चयन हकया गया। प्रकाश से संबंधिर् अनुकूधलर्

गधर्ष्टवधि का प्रयोग कर शोि कायत के उद्दे श्य की पूधर्त हे र्ु स्व-धनधमतर् दृष्टिबाधिर् ष्टवद्याधथतयों के धलए समूह साक्षात्कार अनुसूची द्वारा प्रदत्त संकलन हकया गया। प्रदत्त संकलन के पश्चार् प्रदत्तों के ष्टवश्लेषण

के धलए गुणात्मक शोि प्रष्टवधि की घटना हिया ष्टवश्लेषण के अन्र्गतर् कोहडं ग करके 2 ष्टवषय (थीम)

के अनरूप ष्टवभि कर गुणात्मक ष्टवश्लेषण र्था ष्टववेचन हकया गया। प्रदत्तों के ष्टवश्लेषण में पाया गया

हक प्रयोगशाला में प्रयोग के दौरान अनुकूधलर् सहायक सामग्री का उपयोग ष्टवद्याधथतयों की हियाशीलर्ा को बढ़ावा दे र्ा है । मॉडल की सुवाह्यर्ा (पोटे ष्टबधलटी) के कारण उपयोगकर्ात इसे कहीं भी ले जा सकर्े

हैं । मॉडल ऐसी सामधग्रयों से बना है जो दृष्टिबाधिर् ष्टवद्याथी की हकसी भी संवेदी इन्द्न्िय को नुकसान नहीं पहुंचार्े हैं । इससे प्राप्त अनुभव ष्टवद्याधथतयों के धलहाज से वास्र्ष्टवक पररन्द्स्थधर्यों के काफी नज़दीक हैं । यह अनुकूधलर् गधर्ष्टवधि दृष्टिबाधिर् ष्टवद्याधथतयों को आश्वस्र् करर्ी है हक पाठ्यपुस्र्कों में प्रस्र्ुर् की गयीं गधर्ष्टवधियों के धलए उनकी समान स्पशतनीय र्था श्रवणीय पहुंच हो सकर्ी है र्था उन्हें दृष्टिवान ष्टवद्याधथतयों के समान अवसर प्रदान करर्ी है ।

मुख्य शब्द: माध्यधमक स्र्र, दृष्टिबाधिर् ष्टवद्याथी, ष्टवज्ञान, प्रकाश, परावर्तन, अनुकूधलर् मॉडल, गधर्ष्टवधि। Scholarly Research Journal's is licensed Based on a work at www.srjis.com

Copyright © 2022, Scholarly Research Journal for Humanity Science & English Language


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